CJP protest Delhi: कॉकरोच जनता पार्टी CJP के सोमवार को संसद मार्च के बाद पुलिस ने दिल्ली के जंतर मंतर पर मौजूद प्रदर्शनकारियों को हटा दिया।

CJP protest Delhi: कॉकरोच जनता पार्टी CJP के सोमवार को संसद मार्च के बाद पुलिस ने दिल्ली के जंतर मंतर पर मौजूद प्रदर्शनकारियों को हटा दिया। हालांकि मंगलवार को फिर से प्रदर्शनकारियों के पहुंचने से भीड़ जुटने लगी। पुलिस ने धारा 163 लागू होने का हवाला देकर उन्हे जंतर मंतर से से हटाया। दूसरी तरफ सीजेपी के प्रवक्ताओं ने सोमवार को केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा के साथ हुई बैठक को बेकार बताया है। उन्होने कहा कि यदि सरकार को हमारे समय की कद्र नहीं तो हम भी उनके समय की कद्र नहीं करेंगे।
प्रदर्शन स्थल पर आएं, तभी करेंगे वार्ता
CJP के प्रवक्ताओं ने मंत्री के घर पर दो घंटे में दो बार नड्डा से मुलाकात की और अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा, जिसमें मंत्री धमेंद्र प्रधान का इस्तीफा भी शामिल था। रांका ने बताया कि बैठक बेकार रही और कहा कि इसके बाद सरकार की ओर से CJP को कोई जवाब नहीं मिला। रांका ने कहा, अगली बार, हम उनसे तब तक बात नहीं करेंगे जब तक वे विरोध स्थल पर नहीं आते। अगर वे हमारे समय की कद्र नहीं करते, तो हम भी उनके समय की कद्र नहीं करेंगे।
‘ICU की जरूरत नहीं थी, एक तरह से डिटेन करने के लिए रखा था’, हाई कोर्ट के फैसले के बाद बोलीं सोनम वांगचुक की पत्नी
Sonam Wangchuk: NEET पेपर लीक, बेरोजगारी और शिक्षा सुधारों की मांग को लेकर करीब तीन सप्ताह से अधिक समय से अनशन पर बैठे सोशल एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक को दिल्ली हाई कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। कोर्ट ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश देते हुए वांगचुक को दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल से गुड़गांव के प्राइवेट मेदांता अस्पताल में ट्रांसफर करने की इजाजत दे दी है।
दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश के कुछ ही देर बाद मीडिया से बात करते हुए सोनम वांगचुक की पत्नी डॉ. गीतांजलि आंग्मो ने कोर्ट के फैसले का स्वागत किया और साथ ही सफदरजंग अस्पताल प्रशासन और पुलिस अधिकारियों पर आरोप भी लगाए। उन्होंने दावा किया कि वांगचुक को सफदरजंग अस्पताल के ICU में रखने की जरूरत नहीं थी, उन्हें वहां एक तरह से डिटेन करके रखा गया था ताकि वह किसी से संपर्क न कर सकें।






